कुआं से बकरी निकालने के प्रयास में चाचा एवं भतीजा की मौत

– कुआं में उतरने के प्रयास में तीसरा व्यक्ति हो गया बेहोश
– दो लोगों को मौत की आगोश में सुलाने वाले कुआं में जहरीली गैस की आशंका
जावेद अख्तर की रिपोर्ट
हनवारा: कुएं में गिरी बकरी को निकालने के प्रयास में चाचा एवं भतीजा की मौत हो गई। जब तीसरा व्यक्ति कमर में रस्सी बांधकर कुएं में उतर रहा था तो वह भी बेहोश हो गया। आशंका जताई जा रही है कि कुआं में जहरीली गैस के कारण दोनों की मौत हो गई। घटना हनवारा थाना क्षेत्र के काला डुमरिया गांव में रविवार को घटित हुई।
इस हृदय विदारक घटना से हनवारा थाना क्षेत्र के काला डुमरिया गांव में कुआं में मातमी सन्नाटा पसर गया है। मृतकों के परिजनों के करुण क्रंदन से गांव का माहौल गमगीन हो गया है। मिली जानकारी के अनुसार, गांव के बगीचा में स्थित एक छोटा कुआं में बकरी डूब गया था। बकरी निकालने के लिए पहले बकरी मालिक नरसिंह सिंह (35) कुएं में उतरा। लेकिन वह कुएं में ही रह गया। उनके बाहर नहीं निकलने पर रिश्ते में लगने वाला भतीजा सुबोध सिंह ( 25) चाचा की जान बचाने के लिए कुएं में कूद पड़ा। लेकिन वे भी कुआं के अंदर ही रह गए।
घटना का पता चलते ही घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। चाचा एवं भतीजा के कुएं से बाहर नहीं निकलने की स्थिति में तीसरा व्यक्ति बिपिन कुमार कमर में रस्सी बांधकर कुएं में उतर रहा था। लेकिन आधा दूर जाते ही वह बेहोश हो गया। जिसके बाद मौजूद लोगों ने उसे जल्द ही बाहर निकाला, तो देखा कि वह बेहोशी की हालत में है। ग्रामीणों द्वारा मुंह पर पानी का छींटा मारने के बाद वह होश में आया।
होश में आने के बाद बिपिन ने मौजूद लोगों को बताया कि कुएं में थोड़ा दूर जाने के बाद कुछ पता ही नहीं चलता है कि कहां हैं। वहीं ग्रामीणों ने आशंका जताई कि कुएं में विषैली गैस के कारण लोग बेहोश हो रहे थे। लोगों का कहना था कि लगता है कुएं का पानी जहरीला हो गया है। इसके कारण कुआं जहरीली गैस से भर गया है।
घटना की जानकारी मिलते ही हनवारा थाना प्रभारी दीपक कुमार दल बल के साथ पहुंचे और घटना के बारे में जानकारी ली। वहीं सूचना दिए जाने के बाद निकटवर्ती बसंतराय थाना प्रभारी रोशन कुमार भी दल बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे।
इस बीच मुआवजे की मांग को लेकर ग्रामीणों ने काला डुमरिया – विश्वासखानी मुख्य मार्ग पर शवों को रखकर लगभग दो घंटे तक जाम कर दिया। वहीं घटना की जानकारी मिलते ही महागामा के अंचलाधिकारी रंजन यादव एवं विधायक प्रतिनिधि बिपिन बिहारी पहुंचे और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। काफी मशक्कत के बाद ग्रामीण मानने को तैयार हुए। जिसके बाद निजी तौर पर महागामा विधायक दीपिका पांडेय सिंह के प्रतिनिधि बिपिन बिहारी के द्वारा परिजनों को पांच-पांच हजार रुपए दिए गए। इसके अलावा अंचलाधिकारी रंजन यादव के द्वारा पांच हजार और विश्वासखनी पंचायत मुखिया कंचन माला के द्वारा तत्काल पांच हजार दोनों मृतकों के परिजनों को दिया गया। अंचलाधिकारी एवं विधायक प्रतिनिधि द्वारा मृतकों के परिजनों को आश्वासन दिया गया कि सरकारी तौर पर मिलने वाले योजनाओं का लाभ दिया जाएगा।
सड़क जाम समाप्त होने के बाद हनवारा पुलिस ने दोनों मृतक को पोस्टमार्टम कराने सदर अस्पताल गोड्डा भेज दिया । मृतक नरसिंह सिंह अपने दो छोटे पुत्र सौरभ कुमार (10), आर्यन कुमार (2) और एक बेटी मनीषा कुमारी को छोड़ गए।