युवा समाजसेवी रितेश खण्डेलवाल के प्रयास से मिली एक गर्भवती महिला को ब्लड

हजारीबागः हमें अपने जीवन में अनेकों नेक कार्य करते हैं पर जिस वक्त हम रक्तदान करते हैं अपने आप को बड़ा ही संतुष्ट और भाग्यशाली समझते हैं इन पंक्तियों को युवा समाजसेवी सह भाजयुमो जिला मीडिया प्रभारी रितेश खण्डेलवाल ने चरितार्थ कर फिर से समाज में मानवता के प्रति उद्गार करते हुए दिखे हजारीबाग के खपरियावा स्थित प्रियंका कुमारी को ब्लड की कमी के कारण शुक्रवार को उनके शरीर में ब्लड की अनियमित रूप से कमी पाई गई।हजारीबाग के सदर हॉस्पिटल के चिकित्सकों ने अति शीघ्र उनके पति एवं परिजनों को रक्त व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया। आनन-फानन महिला के परिजन इस संबंधित ब्लड ग्रुप की खोजबीन में जुट गए फिर उन्होंने हजारीबाग के युवा समाजसेवी सह भाजयुमो जिला मीडिया प्रभारी रितेश खंडेलवाल से संपर्क कर ब्लड व्यवस्था करने को कहा रितेश खंडेलवाल ने काफी मशक्कत एवं जद्दोजहद के बाद एक ए पॉजिटिव रक्तदाता को खोज कर हजारीबाग के सदर हॉस्पिटल स्थित ब्लड बैंक में उन्हें रक्तदान करवाकर इस महिला को ब्लड दिलवाया…

बता दे रितेश खण्डेलवाल को ए पॉजिटिव ब्लड की व्यवस्था करने को कहा गया उसके बाद अपने सारे परिचितों से संपर्क साध कर उस महिला के ब्लड की व्यवस्था में जुड़ गए फिर उन्होंने हजारीबाग के हुरहुरु निवासी मुन्ना कुमार पांडे से संपर्क किया फिर मुन्ना कुमार पांडे ने मानवता के प्रति मिसाल पेश करते हुए रक्तदान कर उस पीड़ित गर्भवती महिला की जान बचाई।साथ ही रितेश खण्डेलवाल ने कहा कि कोई भी स्वस्थ व्यक्ति 18 वर्ष की उम्र के बाद ही 45 से 50 किलोग्राम से ज्यादा वजन होने पर रक्तदान कर सकता है। रक्तदान करने से दिल की सेहत सुधरती है। वजन कम होता है और लिवर की सेहत में सुधार होता है। कैंसर जैसी बीमारी होने का खतरा कम होता है। सभी को रक्तदान करना चाहिए।