केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा के करीबी कार्यकर्ता रहे बिजय महतो सैकड़ों समर्थकों के साथ झामुमो में हुए सम्मिलित

अर्जुन मुंडा के साथ झामुमो से भाजपा में आये विजय महतो की झामुमो में हुई पुनः घरवापसी

सरायकेला से भाग्य सारग सिंह की रिपोर्ट

सरायकेला। केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा के बेहद करीबी कार्यकर्ता रहे विजय महतो रविवार को अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ झामुमो में विधिवत शामिल हो गए। सरायकेला टाउन हॉल में आयोजित एक कार्यक्रम में विजय महतो एवं उनके समर्थकों को झामुमो जिला अध्यक्ष डॉ शिवेन्दु महतो एवं खरसांवा विधायक दशरथ गागराई सहित अन्य वरीय झामुमो के पदाधिकारियों ने स्वागत करते हुए अपने पार्टी में सम्मिलित किया। विजय महतो केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा के गृह विधानसभा क्षेत्र खरसांवा अंतर्गत बांधडीह के रहने वाले हैं। झामुमो जिलाध्यक्ष डॉ शुभेंदु महतो एवं खरसावां विधायक दशरथ गागराई द्वारा भाजपा छोड़कर आने वाले सभी नेता व कार्यकर्ताओं को पार्टी की सदस्यता दिलाई गई। मौके पर
हर्ष व्यक्त करते हुए खरसावां विधायक दशरथ गगराई ने कहा कि विजय महतो के आने से झामुमो पार्टी और मजबूत होगी। इसका सीधा लाभ आने वाले पंचायत चुनाव में भी पड़ेगा। झामुमो जिलाध्यक्ष शुभेंदु महतो ने कहा कि झामूमो पार्टी के नीति एवं सिद्धांत से काफी लोग प्रभावित हो रहे हैं। यही कारण है कि दूसरे राजनीतिक दलों के नेता भी झामूमो का दामन थाम रहे है। उन्होंने कहा कि विजय महतो ग्रास रूट के नेता है और उनके पार्टी में शामिल होने से पार्टी को काफी फायदा मिलेगा।

विजय महतो झामुमो छोड़कर भाजपा में अर्जुन मुंडा के साथ ही आये थे, वह भाजपा गम्हरिया प्रखंड अध्यक्ष एवं गम्हरिया प्रखंड के 20 सूत्री अध्यक्ष भी रह चुके हैं। केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा के प्रति उनकी इतनी निष्ठा थी कि वह अर्जुन मुंडा तथा उनकी पत्नी मीरा मुंडा के सम्मान में प्रतिवर्ष अपने गांव में अर्जुन मीरा कप फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजन करवाते हैं। इस आयोजन में अर्जुन मुंडा भी शामिल होते रहे है। भाजपा छोड़ झामुमो में शामिल होने के बारे में पूछे जाने पर विजय महतो ने कहा कि उनकी भाजपा के प्रति कोई नाराजगी नहीं है। वह किसी नराजगी में नहीं बल्कि खुशी में भाजपा छोड़कर आए हैं। उन्होंने अर्जुन मुंडा को बड़े भाई की संज्ञा देते हुए कहा कि बीते लोकसभा चुनाव में उनकी जीत के लिए अपने क्षेत्र से काफी संख्या में बहुमूल्य वोटों को दिलाने में उन्होंने तथा उनके गांव वालों ने मदद की थी। वह झामुमो के नीति सिद्धांत तथा खरसावां विधायक दशरथ गगराई के कार्यशैली से प्रभावित होकर झामुमो पार्टी में शामिल हुए हैं।