सेवानिवृत शिक्षक सदानन्द के निधन पर शोक, नौ दिनों के अंतराल में एक ही परिवार के तीन सदस्यों की हुई मौत

दहस्त में परिजन
प्रतापपुर(चतरा)। नौ दिनों के अंतराल में एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत से प्रतापपुर प्रखंड के कसमार गांव के लोग हैं दहस्त में। 6 मई को कसमार निवासी व गोमे उत्क्रमित प्राथमिक विद्यालय के सेवानिवृत प्रधानाध्यापक सदानन्द रजक का निधन ईलाज के दौरान चतरा सदर अस्पताल में हो गया। अस्पताल कर्मियों के सहयोग से परिजनों ने दिवंगत का अंतिम संस्कार प्रतापपुर के अमझर स्थित शमशान घाट पर किया। इस संबंध में प्रतापपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉक्टर अरूणोदय कुमार ने बताया कि सेवानिवृत शिक्षक सदानन्द रजक जांच में कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे। उन्हें होम आइसोलेशन में रखकर ईलाज किया जा रहा था। इसी बीच उनका ऑक्सीजन लेवल कम होने लगा तो बेहतर ईलाज के लिए चतरा सदर अस्पताल भेजा गया था। मौत के 2 दिन पहले दोबारा जांच करवाया गया था,  जिसमें नेगेटिव पाए गए थे। उनके पुत्र अक्षय, पुत्री डौली, भतीजा मिथिलेश कुमार रजक,  शिव कुमार रंजन, अवधेश रंजन, ओम प्रकाश रंजन आदि का रो रोकर बुरा हाल हो गया है। इस परिवार में 9 दिनों के अंतराल में तीन लोगों की मौत होने से पुरा परिवार दुख के अथाह सागर में डूब गया है। सेवानिवृत शिक्षक सदानन्द रजक की पत्नी आशा रजक का निधन 28 अप्रैल 2021 को हुआ था। उसके बाद 2 मई 2021 को उनके बडे भाई सेवानिवृत शिक्षक सरयु रजक का व गुरूवार 6 मई 2021 को वे भी मौत से हार कर दुनिया छोड़कर चले गए। उनके इस तरह असमय चले जाने से पूरे प्रतापपुर में मातम छा गया है। बताते चलें कि दिवंगत सदानंद रजक वर्ष 2002 में झारखंड के प्रथम मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी द्वारा शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर कार्य के लिए सम्मानित किए गए