देवघर में कांग्रेस की ट्रैक्टर रैली को ले गोड्डा में सुबह से ही रही गहमागहमी,  किसान की वेशभूषा में कांग्रेसी रंग में रंगे हुए थे विधायक प्रदीप यादव

– गोड्डा से ट्रैक्टर चलाते हुए एवं बगल में मंत्री बादल पत्रलेख को बैठा कर देवघर पहुंचे थे विधायक प्रदीप
अभय पलिवार की रिपोर्ट
गोड्डा: आज देवघर के रोहिणी शहीद स्मारक पर हुई कांग्रेस की प्रमंडल स्तरीय ट्रैक्टर रैली को लेकर गोड्डा में सुबह से ही काफी गहमागहमी रही। शहर की हृदय स्थली समझी जाने वाली कारगिल चौक पर सुबह से ही कांग्रेस नेताओं एवं समर्थकों का जमघट लगा रहा। कारगिल चौक से ही ट्रैक्टर चलाते हुए विधायक एवं रैली आयोजन समिति के संयोजक प्रदीप यादव ने देवघर के लिए प्रस्थान किया। ट्रैक्टर पर विधायक के साथ झारखंड के कृषि मंत्री बादल पत्रलेख एवं जिला कांग्रेस अध्यक्ष दिनेश यादव भी सवार थे।

किसान की वेशभूषा में थे विधायक प्रदीप

ट्रैक्टर चलाते हुए विधायक प्रदीप यादव विशुद्ध रूप से किसान की वेशभूषा में थे। धोती और कुर्ता पहने विधायक श्री यादव सिर पर पगड़ी बांधे हुए थे। विधायक श्री यादव एवं मंत्री श्री पत्रलेख के सिर पर एक ही रंग की पगड़ी बंधी हुई थी।
ट्रैक्टर से देवघर कूच करने से पहले झारखंड सरकार के मंत्री बादल पत्रलेख, पोड़ैयाहाट के विधायक प्रदीप यादव, जामताड़ा के विधायक डॉक्टर इरफान अंसारी एवं स्थानीय कांग्रेसी नेताओं ने कारगिल चौक पर स्थित सिद्धू कानू की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। जय जवान, जय किसान के नारों से कारगिल चौक गूंज उठा।

कांग्रेस का किया गुणगान एवं भाजपा पर किया हमला

ट्रैक्टर से देवघर कूच करने से पहले कांग्रेस नेताओं ने सिद्धू कानू स्मारक स्थल पर एक नुक्कड़ सभा को भी संबोधित किया। मौके पर विधायक प्रदीप यादव विशुद्ध रूप से कांग्रेसी रंग में रंगे नजर आ रहे थे। जोरदार भाषण करते हुए विधायक श्री यादव ने कांग्रेस की पूर्ववर्ती सरकार की जहां प्रशंसा की, वहीं भाजपा की वर्तमान सरकार पर जमकर हमला किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस की सरकार गरीबों एवं किसानों की हितैषी थी। जबकि वर्तमान भाजपा सरकार किसान एवं गरीब विरोधी तथा पूंजीपतियों की हितैषी है। कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने कॉरपोरेट घरानों को लाभ पहुंचाने के लिए कृषि कानून बनाया है। जबकि 2013 में कांग्रेस गठबंधन की तत्कालीन सरकार ने किसानों के हित में कानून बनाया था। लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए उस कानून को उलट दिया। विधायक श्री यादव ने कहा कि कांग्रेस खुलकर किसानों के आंदोलन के साथ है ‌।
विधायक श्री यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार सिर्फ पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाने की नीति पर काम कर रही है। जबकि कांग्रेस की पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने गरीबों एवं आम लोगों को लाभ पहुंचाने के लिए कोयला उद्योग एवं बैंकों का राष्ट्रीयकरण किया था। पूंजीपतियों के पास रही कोयला खदानों को एक झटके में राष्ट्रीयकरण कर दिया था। उन्होंने पूंजीपतियों के हित की नहीं बल्कि आम लोगों के हित की चिंता की थी। जबकि वर्तमान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार पूंजीपतियों एवं उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए कोयला उद्योग का फिर से निजीकरण कर रही है।

भाजपा की राजनीतिक पाठशाला से निकले नेता भाजपा पर रहे सर्वाधिक हमलावर

ट्रैक्टर रैली के लिए देवघर प्रस्थान करने से पूर्व विधायक प्रदीप यादव ने भाजपा पर जिस तरह जोरदार हमला करते हुए कांग्रेस की तारीफ की, उससे यह लग रहा था कि श्री यादव बहुत पुराने कांग्रेसी हैं। जबकि हकीकत यह है कि श्री यादव करीब एक साल पहले ही कांग्रेस में शामिल हुए हैं। उन्होंने अपनी राजनीतिक जीवन की शुरुआत भाजपा से ही की है।भाजपा के विद्यार्थी संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से राजनीति का ककहरा सीखने के बाद भाजपा संगठन में सक्रिय हुए श्री यादव भाजपा टिकट पर दो बार सन 2000 एवं 2005 में पोड़ैयाहाट से विधायक एवं 2003 के उपचुनाव में गोड्डा से सांसद निर्वाचित हुए थे। भाजपा की अगुवाई वाली झारखंड की पहली एवं दूसरी सरकार में श्री यादव महत्वपूर्ण विभागों के मंत्री भी रहे। बाबूलाल मरांडी के भाजपा छोड़ने के कुछ दिनों बाद श्री यादव ने भी भाजपा छोड़ दी थी। झारखंड विकास मोर्चा में बाबूलाल मरांडी के बाद श्री यादव दूसरे नंबर के नेता बने रहे। लेकिन 2019 के विधानसभा चुनाव के बाद बाबूलाल मरांडी एवं प्रदीप यादव की राजनीतिक राह अलग अलग हो गई। श्री मरांडी जहां अपने पुराने राजनीतिक घर भाजपा में लौट गए, वहीं श्री यादव भाजपा में पुनः शामिल होने के बदले धर्मनिरपेक्ष राजनीति का झंडाबरदार बनते हुए कांग्रेस में शामिल हो गए।

ट्रैक्टर रैली संयोजक के रूप में छोड़ी सांगठनिक छाप

देवघर के रोहिणी में रविवार को संपन्न हुई कांग्रेस की प्रमंडल स्तरीय ट्रैक्टर रैली के संयोजक विधायक प्रदीप यादव ही थे। समझा जाता है कि श्री यादव की सांगठनिक क्षमता को भांपते हुए ही कांग्रेस के प्रांतीय नेतृत्व ने श्री यादव को प्रमंडलीय ट्रैक्टर रैली का संयोजक बनाया था। कांग्रेस नेतृत्व की अपेक्षा पर खरा उतरते हुए श्री यादव ने ट्रैक्टर रैली की जोरदार तैयारी की थी। परिणाम स्वरूप गोड्डा जिला से करीब एक हजार ट्रैक्टर रैली की शक्ल में देवघर पहुंची थी। जिला मुख्यालय के चारों तरफ की सड़कों पर रविवार की सुबह दूर-दराज तक ट्रैक्टर ही ट्रैक्टर लंबी दूरी तक नजर आ रहा था। उन्होंने ऐसी रणनीति नहीं बनाई थी कि ट्रैक्टरों के कारण जिला मुख्यालय में आवागमन बाधित नहीं हो।