जिला अधिवक्ता संघ ने पूर्व अध्यक्ष को दी श्रद्धांजलि

गोड्डा: जिला अधिवक्ता संघ के नए भवन में सोमवार को संघ के अध्यक्ष सुशील कुमार झा की अध्यक्षता में शोक सभा आयोजित की गई। मौके पर संघ के पूर्व अध्यक्ष देवेंद्र प्रसाद सिंह को श्रद्धा सुमन अर्पित किया गया। दिवंगत आत्मा की शांति हेतु दो मिनट का मौन धारण करके उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की गई । स्वर्गीय सिंह के सम्मान में अधिवक्ताओं ने सोमवार को अपने आप को न्यायिक कार्यों से अलग रखा।
शोक सभा में उपस्थित सदस्यों ने स्वर्गीय देवेंद्र प्रसाद सिंह की जीवनी पर प्रकाश डाला ।वरीय अधिवक्ता अशोक कुमार चौबे ने कहा कि यह हम लोगों के लिए बहुत दुख की घड़ी है। देवेंद्र बाबू निश्चल हृदय के थे।इस मौके पर अधिवक्ता तनुज कुमार दुबे ने कहा कि उनके आकस्मिक मौत की खबर सुनकर नि:शब्द हूं। वह उनके पिता एवं वरीय अधिवक्ता अनंत दुबे जी के साथ शुरू में जूनियर के रूप में काम किए थे कुछ दिन तक। उसके बाद उन्होंने अपना स्वतंत्र रूप से वकालत पेशा को अपनाया और 49 वर्ष तक उन्होंने अधिवक्ता के रूप में संघ में अपना सेवा दिया।
झारखंड बार काउंसिल के सदस्य धर्मेंद्र नारायण ने कहा कि देवेंद्र बाबू की सबसे खासियत यह थी कि वह किसी भी बात को गांठ बांधकर पालते नहीं थे।अधिवक्ता श्यामल ठाकुर ने कहा कि उनके निधन से अधिवक्ता संघ की अपूरणीय क्षति हुई है, जिसकी निकट भविष्य में जिसकी भरपाई करना मुश्किल है। वरीय अधिवक्ता अजीत सिंह ने कहा कि वह हमारे अभिभावक थे। उन्होंने एक अभिभावक एवं संरक्षक को खो दिया है।हमेशा वह खेलकूद के से जुड़े रहते थे। संघ के महासचिव योगेश चंद्र झा ने कहा कि देवेंद्र बाबू के निधन से संघ की अपूरणीय क्षति हुई है ।संघ ने एक ऐसे अधिवक्ता को खो दिया, जो अनुशासन के बहुत पक्के थे। अपने उसूलों पर चलने वाले अधिवक्ता थे तथा सरल स्वभाव के व्यक्ति थे। शोकसभा मे उपाध्यक्ष सीताराम यादव,चेतन चंद्र झा,अजित वर्मा,अरविंद मिश्रा, प्रमोद पंडित,अम्बोद ठाकुर,विनय ठाकुर, अबुल कलाम आजाद,सर्वजीत झा,भवेश कांत झा,अजय साह, विनय राणा,रतन दत्ता,प्रमोद शर्मा,सुबोध पंजियारा, संजय कुमार,संजय यादव,सुरेश यादव ,वरुण सिंह,वीरेंद्र झा आदि सदस्यों ने भी विचार रखे।