डीएसओ ने राशन कार्ड की छंटनी व निगरानी समिति को लेकर शिक्षकों व डीलरों की बैठक बुलाकर खुद बैठक में नहीं पहुंची, सोशल डिस्टेंसिंग की उड़ी धज्जियां

जामताड़ा से राजकिशोर सिंह की रिपोर्ट
जामताड़ा : आपूर्ति विभाग के द्वारा राशन कार्ड के छटनी के लिए निगरानी समिति के शिक्षकों एवं जन वितरण प्रणाली दुकानदारों की बैठक षुक्रवार को जामताड़ा प्रखंड कार्यालय में रखा गया था। जहॉं बैठक में जिला के प्रभारी आपूर्ति पदाधिकारी कंचल भुदोलिया को पहुॅचना था। वहीं ऐन वक्त पर डीएसओ भुदोलिया नहीं पहुॅची। हलॉंकि उपस्थित षिक्षकों ने कहा कि हमलोगों को राषन कार्ड से अयोग्य लोगों का सर्वे कर नाम को हटाना है। इसे लेकर संबंधित प्रखंड के पीडीएस डीलरों एवं पारा षिक्षकों के साथ बैठक होना तय था। वहीं जिन शिक्षकों को यह दायित्व दिया गया है कि वह लोगों तथा बच्चों को वैश्विक महामारी कोविड.19 से बचने के लिए सोशल डिस्टेंस तथा लोक डाउन का पालन करने के लिए लोगों को जागरूक करें आज वही शिक्षक सरेआम सोशल डिस्टेंस का धज्जियां उड़ाते देखे गए शुक्रवार को प्रखंड कार्यालय में सभी शिक्षकों की बैठक बुलाई गई थी । बैठक मे शामिल होने के लिए सबसे ज्यादा शिक्षक व पारा शिक्षक प्रखंड कार्यालय में जमा हो गए। प्रखंड कार्यालय का भवन बंद रहने के कारण सभी शिक्षक बाहर में ही खड़ा हो गया। इस दौरान शिक्षकों ने सोशल डिस्टेंस का ना तो पालन किया और ना ही एक दूसरे को पालन करने के लिए जागरूक किया। बल्कि सभी एक ही जगह इकट्ठा होकर गप्पे मारते देखे गए। इस संबंध में जब शिक्षकों से बात की गई तो उन लोगों ने खुद की गलती से पल्ला झाड़ते हुए सारा ठीकरा अपने वरीय पदाधिकारी पर फोड़ते हुए कहा कि उनके द्वारा गलत किया गया है। वहीं जब प्रभारी डीएसओ भुदोलिया से इस संबंध में बात करने की कोषिष की गई तो उनका दो मोबाइल नम्बर में एक स्वीच ऑफ एवं एक नॉट रिचेवुल बता रहा था। हलॉकि इस बैठक में प्रभारी डीएसओ भुदोलिया को आना था या नहीं इसकी सटिक पुष्टि किसी भी स्तर से नहीं की गई है। हलॉंकि कार्यपालक दण्डाधिकारी कंचल भुदोलिया को चार विभाग मिला हुआ है। जिसमे डीटीओ डीएसओ डीपीआरओ एवं स्थापना समाहर्ता षामिल है। अब हो सकता है कि इन्हीं सब अन्य विभागों में किसी कार्य में लग गई होगी या फिर अन्य कारणों से बैठक में नहीं पहुॅची या फिर उक्त बैठक में किसी और को आना था एवं उपस्थित षिक्षक कंचल भुदोलिया के पहुॅचने की बात कह रहे थे। इन सब बातों से पर्दा तब हटे जब कंचन भुदोलिया से बात हो यहॉ तो बात ही नहीं हो पा रही है।

दोनो पदाधिकारी में नहीं है आपसी समन्वय

हलाॅकि उक्त बैठक डीएसओ भुदोलिया को प्रखंड सभागार में होना था। जिसका चाभी बीडीओ अमृता प्रियंका एक्का ने डीएसओ कार्यालय सहायक को नहीं दिया। वैशे उक्त बीडीओ इसी तरह के कारनामों से चर्चित है। अब सवाल है कि उक्त दोनो महिला पदाधिकारी जो एक जिला स्तर एवं एक प्रखंड स्तर की है इस दोनो में क्या चीज का इगो है वो तो वही दोनो जाने।