मां के पैर के नीचे जन्नत है, मौलाना काशीद रजा

शरीयत मोहम्मदी के मुताबिक मुसलमान अपनी जिंदगी गुजारे
गुमला: आज आजाद बस्ती गुमला के जनाब मोहम्मद कैसर खलीफा की बेटी स्वर्गीय आफिया रक्सी छात्रा के 4 साल मृत्यु होने के उपलक्ष में अपने आवास पर कुरान खानी और मिलाद ए मुस्तफा का आयोजन किया गया इस मौके पर मदरसा फैजाने मुस्तफा रजा कॉलोनी गुमला के बच्चों हाफिज रुस्तम साहब के निगरानी में कुराने पाक का तिलावत और पाठ किया।
मौलाना काशिद रजा ने अपने संबोधन में कहां की आज हमारे समाज में दीनी तालीम से लोगों का रुझान घटने लगा है ।जिसके वजह कर हमारे बच्चे दीन इस्लाम से दूर चले जा रहे हैं और इसी वजह कर नई नस्ल के लड़कों में नशा पान ,जुआ और दिगर बुरी लत लगता चला जा रहा है अपने मां-बाप के अच्छी बताएं रास्ते पर चलना नहीं चाहते जिसके नतीजे में घर में और समाज में बिखराव पैदा हो गया है। उन्होंने कहा कि मां के पैर के नीचे जन्नत है लेकिन जन्नत हासिल करने के लिए हम सबको अपने मां-बाप की कदर करनी होगी यह जानना होगा यह हमारी मां कितनी दुख तकलीफ सहकर हम सबको पालती और परवरिश कर एक अच्छा और नेक इंसान बनता देखना चाहती है हमारे रसूल पाक सल्लाहो अलैहि वसल्लम ने भी फरमाया है जो अपने मां-बाप को बुढ़ापे में पाय और उसकी खिदमत कर के जन्नत हासिल न कर सके वह इंसान बर्बाद हो गया ।
लिहाजा अपने माता पिता का आदर सम्मान करें और ज्यादा से ज्यादा शिक्षा पर ध्यान दें बगैर तालीम के हम कुछ नहीं कर सकते शिक्षा से ही कामयाबी के सारे रास्ते खुल जाते हैं। इस मौके पर स्कूली छात्राओं ने शानदार नाते पाक पेश किए जिसमें अरबिया फिरदौसी किशवर बजमी, मेहविश रखशी, अतिका रकशी, काशिफा बजमी ,रहीमा रकशी ,और खुशनुमा परवीन आदी एक से बढ नाते पाक पेश किया।
इस मौके पर 3 कुरान 30 पारो को पढ़कर खत्म किया गया और पीराने पीर दस्तगीर हजरत शेख अब्दुल कादिर जिलानी रहमतुल्ला अलेह के नाम पर फातिहा पढ़ा गया