ओबीसी मोर्चा ने किया तीनों कृषि कानूनों को वापस लेने की मांग, जलाई प्रतियां

रांची: राष्ट्रीय ओबीसी मोर्चा के तत्वाधान में पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत अल्बर्ट एक्का चौक रांची में काले कृषक कानून को वापस लेने के लिए और किसानों के समर्थन में प्रदर्शन के पश्चात तीन काले कृषक कानून के प्रति को दहन किया गया।
काले किसान बिल के प्रति को आग के हवाले करने के पश्चात प्रदेश अध्यक्ष राजेश कुमार गुप्ता ने कहां की यह तीनों बिल किसान ही नहीं आम जनों को भी आफत लाने वाला है। सरकार किसानों के जमीन पर भी निजीकरण की चोट करके किसानों को ऋण के बोझ में लादकर उनके जमीनों पर बड़े बड़े कारपोरेट घराने को देना चाहती है।
आवश्यक वस्तु अधिनियम जो कानून था जमाखोरों से बचाने के लिए अब सरकार इसे कानूनी रूप देकर जमाखोरी करने का लाइसेंस दे रही है जिससे किसान ही नहीं आम जनों को भी आफत आने वाली है। मोर्चा इसीलिए किसानों के पक्ष में खड़ी हो गई है। और तन मन धन से उनके आंदोलन में शरीक हो गई है।
श्री गुप्ता ने कहा की सरकार काले किसान बिल को वापस लेते हुए किसानों के प्रगति के लिए स्वामीनाथन रिपोर्ट तत्काल प्रभाव से लागू करें, किसान आंदोलन में शहीद हुए किसानों के परिजनों को एक करोड़ रुपए मुआवजा दी जाए। तथा आंदोलनरत किसानों पर थोपे गए मुकदमे वापस हो। नहीं तो राष्ट्रीय ओबीसी मोर्चा उग्र प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होगी।
इस प्रदर्शन में झारखंड आंदोलनकारी आजम अहमद सुनील जायसवाल, किसान नेता अवधेश पाल,प्रदेश सचिव प्रेम नाथ साहू ग्रामीण जिला अध्यक्ष शिव प्रसाद साहू मोहम्मद रफीक अंसारी, पप्पू गुप्ता, नारायण प्रजापति, नौशाद अंसारी, पप्पू अंसारी, छोटू अंसारी सहित कई लोग शामिल थे।