मजदूर किसान महाविद्यालय परिसर में आदेशपाल का दूसरा दिन भूख हड़ताल जारी तीन में से एक का हालत नाजुक बनी: आइसा

डॉक्टर के टीम आने के बाद हालत में कुछ सुधार हुआ त्रिलोकी नाथ का

पांकी से लौकेश सिंह की रिपोर्ट 

पांकी: पांकी चतुर्तवर्गीय कर्मचारी सुमित्रा कुमारी,ललन कुमार,राजेंद्र सिंह मजदुर किसान महाविद्यालय में पिछले 20 महीना से कार्यरत है. परंतु कॉलेज प्रशासन मानदेय नहीं दे रही हैं।बकाया मानदेय भुगतान की मांग को लेकर 12 से भूख हड़ताल पर बैठ हैं. भूख हड़ताल का दूसरा दिन जारी रहा.भूख हड़ताल में बैठे सुमित्रा कुमारी की हालत नाजुक बनी रही एक घंटा तक बेहोश रही.मौक पर त्रिलौकी नाथ ने पांकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉ किरण से बात किया तब डॉक्टर टीम को भेजा गया। डॉक्टर टीम आने के बाद तबियत में थोड़ी सुधार है.
आइसा के सदस्यों ने भूख हड़ताल का समर्थन दिया।मौके पर त्रिलोकी नाथ ने कहा कि चतुर्तवर्गी कर्मचारी अपने मानदेय की भुगतान की मांग को क्षेत्रीय विधायक और कॉलेज के सचिव शशिभूषण मेहता और प्राचार्य प्रेमचंद महतो को लागतार आवेदन दे रहे हैं. परंतु कॉलेज प्रशासन लटकाएं हुए हैं.कोरोना महामारी में आम लोगों को आर्थिक तंगी हुई हैं उपर से 20 महीना से वेतन नही मिलना कहा तक न्याय हैं? कैसे घर परिवार चलेगा? आइसा मांग करती हैं कि जितना जल्द हों मानदेय भुगतान करें।
मौक पर आइसा पांकी प्रभारी गुडडू जी,जितेंद्र जी साहित अन्य लोग मौजूद थे।