सरकार की उदासीनता से फिर एक पारा शिक्षक के परिवार हुआ बेसहारा : संजय दुबे

दिवंगत पारा शिक्षक बंसी साव के आश्रितों को संगठन किया आर्थिक सहयोग
बरही से बिपिन बिहारी पाण्डेय

बरही (हजारीबाग) : बरही प्रखंड के पारा शिक्षक स्वर्गीय बंसी साव के आकस्मिक निधन पर एकीकृत पारा शिक्षक संघर्ष मोर्चा, बरही इकाई कि लोगों ने उनके आवास पहुंचकर परिजनों से भेंट किया। वही शोक संवेदना व्यक्त करते हुए संगठन के लोगों ने स्वर्गीय बंसी साव के आश्रित परिवार को आर्थिक सहयोग किया। साथ ही परिजनों को आश्वत किया कि संगठन हर समय आपके साथ सुख दुःख में खडा रहेगा। इनके निधन से प्रखंड के सभी पारा शिक्षक काफी मर्माहत हैं। स्वर्गीय बंसी साव मध्य विद्यालय करियातपुर के एक पारा शिक्षक के पद पर कार्यरत थे। वह अपने पीछे भरे पूरे परिवार को छोड़ इस दुनिया को छोड़ गए। राज्य कमिटि सदस्य संजय कुमार दुबे ने कहा राज्य के पारा शिक्षक सभी कामों में सहयोग करते हैं। परंतु आज तक राज्य सरकार हम लोगों के भविष्य और परिजनों के बारे में कभी नहीं सोचा। राज्य में नई सरकार बनने से एक आशा की किरण जगी थी, परंतु इस सरकार के द्वारा भी कोई पहल नहीं की गई है। सरकार की उदासीनता से फिर एक पारा शिक्षक के परिवार बेसहारा नजर आ रहा है। यदि सरकार पहल की होती तो उनके परिजन को आर्थिक सहयोग प्राप्त होता। अगर सरकार शिक्षक कल्याण कोष का गठन किया होता या ईपीएफ से जोड़ा होता तो निश्चित तौर पर अल्प मानदेय भोगी पारा शिक्षक के परिजन को इस दुख की घड़ी में सहायता प्राप्त होती है। प्रखंड सचिव मनोज घोष ने कहा की सरकार अविलंब स्थायीकरण करें एवं वेतनमान दे अन्यथा झारखंड के पारा शिक्षक फ़िर एक बार आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। झारखंड के शिक्षा मंत्री के आश्वासन कि 29 दिसंबर तक पारा शिक्षकों का सभी समस्याओं का निदान करके घोषणा की जाएगी यदि ऐसा हुआ तो हम सभी प्रखंड के शिक्षक उनके इस कार्य के लिए धन्यवाद देगी यदि सरकार के द्वारा कोई घोषणा नहीं होती है तो फिर हम लोग आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। मौके ओर मोर्चा के प्रदेश सदस्य संजय दुबे, जिला उपाध्यक्ष अजय प्रजापति, प्रखंड सचिव मनोज कुमार घोष, कोषाध्यक्ष मो. सनौवर, राजीव प्रसाद, मुन्ना मिर्धा, महेश यादव, रामेश्वर प्रजापति, नसरीन बानो, राजकुमार रविदास, सुरेंद्र यादव, राजीव कुमार, अफरोज अंसारी, सुखदेव यादव, दशरथ प्रसाद यादव, रामेंद्र प्रसाद, नंदकिशोर पांडे, मनोज कुमार ठाकुर, गोविंद महतो, सीताराम, दीपक प्रसाद यादव, रंजीत सिंह, अनिल केशरी, अमरेंद्र कुमार, अशोक पंडित, मो. इरशाद, राजेश यादव, प्रदीप कुमार, अजीत कुमार आदि सैकड़ों पारा शिक्षक उपस्थित रहे।