ग्रामसभा के माध्यम से गांव के विकास हो और जनता की भागीदारी भी सुनिश्चित हो सके : राजेश्वरी बी

सब की योजना सबका विकास के तहत विशेष ग्राम सभा का आयोजन

रामगढ़ से वली उल्लाह की रिपोर्ट

रामगढ़ : सबकी योजना सबका विकास के तहत विशेष ग्राम सभा का आयोजन गांधी जयंती के अवसर पर शनिवार को रामगढ़ प्रखंड के दोहा का तू बिरहोर टोला में दोहा का तू पंचायत की मुखिया कलावती देवी के अध्यक्षता में संपन्न हुआ। इस विशेष ग्रामसभा में बतौर मुख्य अतिथि राज्य मनरेगा आयुक्त सह पंचायत राज्य सचिव राजेश्वरी बी मुख्य रूप से उपस्थित थे ।उन्होंने इस ग्राम सभा को संबोधित करते हुए कहा कि सब की योजना सबका विकास केंद्र सरकार की महत्वपूर्ण योजना है। ग्रामसभा के माध्यम से 15वें वित्त आयोग को पंचायतों में उतारना है ।उन्होंने कहा कि 30 परसेंट 15वें वित्त आयोग के पैसे को स्वच्छता एवं पेयजल में खर्च करना है ।पंचायत स्तर पर समस्याओं का समाधान और पंचायत का विकास ग्रामसभा के माध्यम से करना है। ग्राम सभा के माध्यम से पंचायत के सभी जनों का सहयोग इसमें आवश्यक है। वार्षिक कार्य योजना यह ग्रामसभा 21 जनवरी से 22 जनवरी तक चलेगा। ग्रामसभा के माध्यम से पेयजल स्वच्छता स्वास्थ्य शिक्षा बिजली का विकास गांव में हो और गांव में जनता की भागीदारी सुनिश्चित हो। ग्राम सभा को संबोधित करते हुए रामगढ़ की लोकप्रिय विधायक ममता देवी ने कहा कि या आम सभा पंचायत की विकास में तेजी लाता है गांव पटरी पर दौड़ने लगता है जनता ग्रामसभा के माध्यम से गांव के विकास में रोशनी का काम करते हैं ।उन्होंने जिला प्रशासन को मनरेगा में प्रथम आने पर बधाइयां दी ।सर्वप्रथम ग्राम सभा की शुरुआत मुख्य अतिथि मनरेगा आयुक्त राजेश्वरी बी डीडीसी नागेंद्र कुमार सिन्हा मुखिया कलावती देवी वीडीओ सुधीर कुमार सीएस प्रभात कुमार के द्वारा दीप प्रज्वलित कर महात्मा गांधी लाल बहादुर शास्त्री के चित्र पर माल्यार्पण कर किया गया। मुख्य अतिथि का दोहा का तू पहुंचते ही स्वागत पारंपरिक तरीके ढोल नगाड़े व पुष्प अर्पित कर किया गया। ग्राम सभा में मुख्य अतिथि राजेश्वरी बी के द्वारा स्वच्छता को लेकर शपथ दिलाई गया। ग्राम सभा में उपस्थित महिला पुरुषों ने गांव की समस्याओं और योजना का चयन किया ।इस अवसर पर कार्यपालक अभियंता राजेश रंजन सूचना जनसंपर्क पदाधिकारी विद्यार्थी विजय कुमार सीडीपीओ सुषमा विनीता सिंह पुष्पा इक्का अकलू बेदिया सहित महिला स्वयं सहायता समूह की महिलाएं व ग्रामीण महिला पुरुष भारी संख्या में उपस्थित थे।