बोकारो इस्पात पर्यावरण के क्षेत्र में मारी बाज़ी ग्रीनटेक एन्वॉयरमेंट एन्ड सस्टेनेबिलिटी अवार्ड से हुआ सम्मानित

बोकारो से जय सिन्हा
बोकारो: बोकारो स्टील प्लांट ने “इको फ्रेंडली प्रोडक्ट्स” श्रेणी में प्रतिष्ठित ग्रीनटेक एनवायरनमेंट एंड सस्टेनेबिलिटी अवार्ड 2021 को अपने नाम किया है. ग्रीनटेक एनवायरनमेंट एंड सस्टेनेबिलिटी अवार्ड्स- 2021, सस्टेनेबिलिटी लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में नवीन प्रयासों के किये गए पहल पर हुए उत्कृष्टता के लिए दिया जाता है.पर्यावरण नियंत्रण विभाग (ईसीडी) ने बीएसएल की ओर से 30 अक्टूबर, 2020 को “इको फ्रेंडली प्रोडक्ट्स” श्रेणी में इस पुरस्कार हेतु अपना दावा 15 नवंबर, 2021 को जूरी सदस्यों के सामने श्री नितेश रंजन, एजीएम (पर्यावरण नियंत्रण), बीएसएल द्वारा प्रस्तुति कर की गई थी, जूरी सदस्यों द्वारा पूछे गए प्रश्नों का उत्तर जीएम (पर्यावरण),श्री एनपी श्रीवास्तव ने दिया। जूरी इको-फ्रेंडली ग्रीन स्टील के उत्पादन में बोकारो स्टील प्लांट के नवीन पहल और स्टील बनाने की प्रक्रिया के दौरान उत्पन्न अपशिष्ट पदार्थों से इको फ्रेंडली उत्पाद बनाने के प्रयासों से काफी प्रभावित हुआ। जूरी सदस्यों में पूर्व मुख्य कारखाना निरीक्षक, पूर्व एमडी केनरा बैंक, पूर्व निदेशक ओएनजीसी और कई अन्य प्रतिष्ठित लोग शामिल थे। दायर किए गए आवेदन और दिए गए प्रस्तुति के आधार पर जूरी सदस्यों ने “इको फ्रेंडली प्रोडक्ट्स” श्रेणी में उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए सेल- बीएसएल को विजेता के रूप में घोषित किया । यह पुरस्कार आगामी 26 नवंबर, 2021 को महाबलीपुरम में “21वें वार्षिक ग्रीनटेक पर्यावरण शिखर सम्मेलन” के दौरान प्रदान किया जाएगा.स्टील अपने आप में ही पर्यावरण अनुकूल उत्पाद है क्योंकि प्लास्टिक के विपरीत इसके गुणों को खोए बिना इसे कई बार रीसाइकल किया जा सकता है. पिछले सात वर्षों में CO2 उत्सर्जन में 11.7% की कमी और डस्ट उत्सर्जन में 50.9% की कमी सहित बोकारो स्टील प्लांट के संयुक्त प्रयासों ने बीएसएल को पर्यावरण अनुकूल संगठन के रूप में पहचान दिलाया है. रेल बेल्लस्ट, फ्लाई-ऐश एलडी

स्लैग ब्रिक्स, सीमेंट बनाने में स्लैग का उपयोग, स्लैग से पेवर ब्लॉक और अपशिष्ट उत्पादों से पर्यावरण के अनुकूल मिट्टी कंडीशनर सहित कचरे से पर्यावरण के अनुकूल उत्पादों को बनाने में कई नवीन पहल की गई हैं. हाल ही में बोकारो स्टील ने कैंटीन के कचरे को बायो गैस और खाद में बदलने के लिए प्लांट के अंदर एक बायो-डाइजेस्टर स्थापित किया है. उल्लेखनीय है कि निदेशक-प्रभारी अमरेंदु प्रकाश के नेतृत्व में, बीएसएल ने कचरे को उपयोगी सामग्री में बदलने के लिए अभियान चलाया है और संयंत्र के अंदर और अन्य उद्योगों में इनपुट सामग्री के रूप में उपयोग कर पिछले कुछ वर्षों के दौरान सालाना 1000 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व भी अर्जित किया । भारत द्वारा सीओपी26 में 2030 तक 500 गीगावाट अक्षय ऊर्जा के भारत के महत्वाकांक्षी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए घोषित लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में बोकारो स्टील ने पर्यावरण के अनुकूल उत्पाद जंग प्रतिरोधी सेलकोर ग्रेड विकसित किया है जो गुणवत्ता मानकों और पर्यावरण की दृष्टिकोण से अनुकूल है जिससे सौर पैनलों के निर्माण के लिए इसे 4 गुना बेहतर माना जाता है.जूरी सदस्यों ने पर्यावरण और स्थिरता के क्षेत्र में नवीन प्रकाश श्रीवास्तव के योगदान का भी मूल्यांकन किया और उन्हें “एनवायरनमेंट लीडर” श्रेणी में उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए विजेता घोषित किया। श्रीवास्तव एक अनुभवी पर्यावरणविद् और आईईआई, बोकारो चैप्टर के अध्यक्ष भी हैं। यह सम्मान सतत विकास के प्रति बीएसएल की प्रतिबद्धता की मान्यता के रूप में सामने आया है । “पर्यावरण के अनुकूल स्टील और अपशिष्ट से मूल्य का सृजन” के महत्व को रेखांकित करता है। यह बोकारो स्टील प्लांट के लिए गौरव की बात है।