बिजली के जर्जर और ढीलेे-ढाले तारों से’ रैयतो के सिर पर मंडराती मौत

छत्तरपुर से छोटू कुमार की रिपोर्ट
छत्तरपुर: छत्तरपुर के अनेक भागों में बेतरतीब और असुरक्षित ढंग से लटकते, ढीले-ढाले तथा सुरक्षा नियमों का पालन किए बिना लापरवाही से लगाए हुए बिजली के खम्भे तथा तार लोगों के जान-माल के लिए खतरा बने हुए हैं। कई घनी आबादी वाले इलाकों में कई जगह ये तार इतना नीचे लटक रहे हैं कि खेतो को छू रहे हैं जिससे बारिश तथा आंधी-तूफान आने पर इनसे खतरा और भी बढ़ जाता है। रही बात छत्तरपुर के भव फेक्ट्री के पास बने पावर ग्रिड के पास जिसमें पोल गिरे हुए और तार लटकते हुए मौत के असंका दे रही है रैयतो का कहना है कि खेती करने में हो रही परेशानिया किन्हें सुनाया जाए बिजली बिभाग में कई दफा कंप्लेन करने पर नही सुना गया जिससे मोत का केहर मंडरा रहा है जमीनों की खेती करने में परेसानियस हो रही है
हालांकि भारत ने हर क्षेत्र में प्रगति की है लेकिन कुछ क्षेत्र अभी भी ऐसे हैं जहां स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ। इनमें बिजली विभाग भी एक है। इसने पिछले कुछ वर्षों में कुछ क्षेत्रों में तरक्की तो की है लेकिन सुरक्षा के स्तर पर इसकी हालत अभी भी बहुत असंतोषजनक है। लोगों की आम शिकायत है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद  जर्जर, ढीले-ढाले तथा झूल रहे तारों को जल्दी ठीक नहीं किया जाता और न ही टूट कर गिरे हुए तारों को जल्दी उठाया जाता है।