स्वेच्छा से एवं निर्भीक होकर टीकाकरण लगवाएं : उपायुक्त

उपायुक्त ने सभी प्रतिष्ठानों में कोविड समुचित व्यवहार के अनुपालन का दिया निर्देश

गुमला : वैश्विक महामारी कोरोना वायरस के बढ़ते प्रसार के रोकथाम तथा नियंत्रण के मद्देनजर गुमला जिलांतर्गत जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, प्रखंड प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा निरंतर कई कार्य किए जा रहे हैं।

उपायुक्त गुमला शिशिर कुमार सिन्हा ने आमजनों से कोरोना महामारी से बचाव के निमित निरंतर मास्क पहनने, सैनेटाईजर का प्रयोग करने, अनावश्यक अपने घरों से बाहर न निकलने, सामाजिक दूरी के नियमों का अनुपालन करने की अपील की है।

ज्ञातव्य है कि सचिव, स्वास्थ्य चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग झारखण्ड रांची द्वारा जारी निर्देश के आलोक में गुमला जिले में 07, 08 एवं 09 मई 2021 को कोविड-19 टीकाकरण अभियान में 45 वर्ष की उम्र से अधिक के सभी लाभार्थियों का टीकाकरण किया जा रहा है। किंतु 07 मई को जिले में बेहद कम टीकाकरण किए जाने की जानकारी प्राप्त होने पर उपायुक्त ने नाराजगी व्यक्त करते हुए जिन प्रखंडों में कम टीकाकरण दर्ज किया गया, वहां के संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारी, जिला समाज कल्याण पदाधिकारी तथा डीपीएम जेएसएलपीएस से स्पष्टिकरण पूछने का निर्देश दिया है। उन्होंने टीकाकरण को गंभीरता से लेने तथा ग्रामीण एवं सुदूरवर्ती क्षेत्रों में व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करते हुए अधिक से अधिक लाभार्थियों को टीकाकरण दिलवाने का निर्देश दिया है।

जिले में टीकाकरण को लेकर लोगों में कई प्रकार की भ्रांतियां पाई जा रही हैं। इन भ्रांतियों को दूर करने के उद्देश्य से उपायुक्त ने कोरोना टीकाकरण के विषय में फैली हुई निम्नलिखित भ्रांतियां जैसे- वैक्सीन का लंबे समय तक इंसानी शरीर पर प्रतिकूल प्रभाव डालना, कोरोना से ठीक हो चुके मरीजों के लिए वैक्सीन लगवाना अनावश्यक, वैक्सीन से डीएनए में बदलाव आदि अफवाहों से दूर रहने की सलाह दी है। उन्होंने बताया कि वे स्वयं कोरोना टीकाकरण के दोनों डोज ले चुके हैं। टीकाकरण से इंसानी शरीर पर किसी भी प्रकार का दुष्प्रभाव नहीं पड़ता है। उन्होंने आगे बताया कि कोरोना वैक्सीन कोरोना संक्रमण से निपटने के लिए पूरी तरह से सुरक्षित है तथा इसे लगवाने से शरीर के लिए कोई भी नुकसान नहीं है। उन्होंने आमजनों से टीकाकरण के प्रति फैलाई जा रही सभी भ्रांतियों से दूर रहने तथा टीकाकरण अभियान की सफलता के लिए स्वेच्छा से एवं निर्भीक होकर टीकाकरण लगवाने हेतु आगे आने की अपील की है। इसके साथ ही उन्होंने आमजनों से कोविड जाँच के विषय में फैलने वाले अफवाहों यथा- टेस्टिंग नहीं होना तथा जाँच का परिणाम विलंब से प्राप्त होना आदि को सिरे से खारिज करते हुए बताया कि वर्तमान में जिले में 14 हजार रैपिड ऐन्टिजेन टेस्ट किट उपलब्ध हैं। इन टेस्ट किटों के द्वारा एक दिन में ही जाँच के परिणाम प्राप्त किए जा सकते हैं। इसलिए उन्होंने आमजनों से अधिक से अधिक कोरोना जाँच कराने की अपील की।

उपायुक्त ने बताया कि क्षेत्र भ्रमण के दौरान ऐसा देखा जा रहा है कि जिले में अब भी कुछ सार्वजनिक स्थानों एवं प्रतिष्ठानों में कोविड समुचित व्यवहार का अनुपालन नहीं किया जा रहा है। इस कारण जिले में कोरोना वायरस के प्रसार के बढ़ने की संभावना है। इस परिस्थिति के मद्देनजर उन्होंने जिले के सभी प्रतिष्ठानों को कोविड सनुचित व्यवहार का अक्षरशः अनुपालन करने का निर्देश दिया है। उन्होंने सभी दुकानदारों से अपने-अपने प्रतिष्ठान के सामने प्लास्टिक की शीट संधारित करने तथा अपने एवं ग्राहकों के बीच उचित सामाजिक दूरी के नियमों का पालन करने हेतु प्रतिष्ठानों के प्रवेश द्वार पर रस्सी बांधने का निर्देश दिया है। साथ ही उन्होंने किसी भी परिस्थिति में प्रतिष्ठानों के सामने भीड़-भाड़ की स्थिति उत्पन्न न हो इसका विशेष ध्यान रखने का भी निर्देश दिया है। उन्होंने प्रतिष्ठान में कार्यरत सभी कर्मियों से मास्क पहनने, सैनेटाईजर तथा ग्लब्ज का प्रयोग करने तथा सामाजिक दूरी का ध्यान रखते हुए कार्य करने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही उन्होंने सार्वजनिक स्थानों, सरकारी एवं गैर सरकारी कार्यालयों एवं कर्मियों, प्रतिष्ठानों/ दुकानदारों/ कर्मियों सहित आमजनों से कोविड समुचित व्यवहार का अनुपालन करने पर जोर दिया। उन्होंने जाँच के क्रम में सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों तथा कोविड समुचित व्यवहार का उल्लंघन करते हुए पाए जाने पर संबंधित व्यक्ति, दुकानदार, प्रतिष्ठान, कार्यालय आदि पर सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।