किसान विरोधी काले कानून और मजदूर विरोधी चार कोड वापस ले मोदी सरकार : किसान सभा

रामगढ़: किसान नेता स्वामी सहजानंद सरस्वती के पुण्यतिथि के अवसर पर राष्ट्रव्यापी पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन के समर्थन में रामगढ मे किसान संगठनों की ओर से आक्रोश प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन कुजु , गिद्दी, कोठार , अरगड्डा, सिरका ,रांची रोड ,कर्मा , कोलियरी आदि झारखंड, दुलमी सहित कई जगह पर किसान विरोधी मोदी सरकार के विरोध में गगनभेदी नारे लगाते हुए लोगों ने प्रदर्शन किया । प्रदर्शन में मुख्य रूप से अखिल भारतीय किसान सभा के महासचिव महेंद्र पाठक, सुशील स्वतंत्र, किसान संग्राम समिति के अध्यक्ष राजेंद्र गोप, अखिल भारतीय किसान महासभा के गोविंद जय वीर हंसदा, उपस्थित थे। नेताओं ने कहा कि केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार जब से सत्ता में आई है, तब से लगातार किसानों मजदूरों पर हमला कर रही है। साथ ही देश के रेल ,सेल ,कोयला, हवाई, अड्डे, रेलवे ,स्टेशनों सहित कई राष्ट्रीय संपदा को को दुनिया के बड़े बड़े पूंजीपतियों उद्योगपतियों को हाथों बेच रही है। देश के अर्थव्यवस्था चौपट हो चुकी है ।पहले नोटबंदी, फिर जीएसटी ,तालाबंदी के माध्यम से लोगों पर कहर बरपाई गई ,सत्ता के मद में चूर सरकार पिछले वर्ष किसानों की जमीन पूंजी पतियों के हवाले करने के लिए 3 किसान विरोधी कानून लेकर के आई हैं। जिससे किसानों की जमीन आसानी से पूंजीपतियों के हवाले की जा सकती है। आवश्यक वस्तु में संशोधन के कारण देश में जमाखोरी लगातार बढ़ रही है। पेट्रोलियम, डीजल के दाम आसमान छू रही है। जिससे हर उपयोग की वस्तुओं के दाम बढ़ने से लोगों के घर चलाना मुश्किल हो गया है। दिल्ली में 7 महीनों से लाखों किसान ठंडा गर्मी बरसात महामारी के सामना करते हुए किसान विरोधी तीनों काले कानून को निरस्त करने बिजली बिल 2020 को वापस लेने मजदूर विरोधी चार कोड वापस लेने आदि कई मांगों के समर्थन में लगातार आंदोलन में है 600 से ज्यादा किसान शहीद हो चुके, लेकिन एक बार भी प्रधानमंत्री एक शब्द भी नहीं बोल सके, जिससे देश की जनता में काफी आक्रोश है ,इसीलिए उपरोक्त मांगों के समर्थन में लगातार आंदोलन चल रहा है। आज पूरे देश में 600 से अधिक किसान संगठनों के लोग श्रमिक संगठनों पत्रकारों बुद्धिजीवियों कलाकारों वैज्ञानिकों आदि के समर्थन मिला है। प्रदर्शन में, महेंद्र पाठक, राजेंद्र गोप, शाहिद अंसारी,संजय गोईनका , सुशिल स्वतंत्र, खुर्शीद अहमद कुरेशी उर्फ आजद सिंह, रविकांत प्रसाद ,नेमन यादव ,कलिम उर्फ़ चरका ,सफिक अंसारी ,जफीर अहमद कुरेशी ,राजेंद्र कुमार सहित कई लोग उपस्थित थे।